जल्द नियंत्रण में होगा कोरोना : डा. नरोत्तम मिश्रा

भोपाल। प्रदेश के गृह और स्वास्थ्य मंत्री डा. नरोत्तम मिश्रा ने आप पत्रकारों से बात करते हुये आश्वस्त किया है कि प्रदेश में जल्द कोरोना पर नियंत्रण पा लिया जायेगा। उन्होंने कहा कि इंदौर, भोपाल, उज्जैन और खरगौन को छोड़कर बाकी जगह पर इसका इतना दबाव नहीं है। इंदौर पर कंट्रोल करने के लिए योजना पर काम शुरू हो गया है जबकि भोपाल में मामले लगातार घट रहे हैं। प्रदेश के अन्य जिलों में कोईं गंभीर स्थिति नहीं है। हम निगरानी भी कर रहे हैं और और मामले न आयें इसके लिए प्रयास भी कर रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर करने की दिशा में आज अधिकारियों तथा नर्सिंग होम्स संचालकों के साथ बैठक हुई है। इसमें तय किया गया है कि कोरोना के साथ अन्य जरूरी स्वास्थ्य सेवाओं को सुचारू जारी रखने में सभी का सहयोग मिलेगा।

पत्रकारों से बात करते हुये डा. नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि प्रदेश में कोरोना के मामले में नियंत्रण में आ रहे हैं। इंदौर में एक बार यह आंकड़े और बढ़ सकते हैं जबकि बाकी जगहों पर ये नियंत्रण में रहेंगे। इंदौर इसके बाद कंट्रोल में आ जायेगा। जिन तीन और जिलों में प्रकरण अधिक हैं उनमें भोपाल, उज्जैन तथा खरगौन में जल्द ही नियंत्रण हो जायेगा। आने वाले समय में हमें अच्छे समाचार मिलेंगे। उन्होंने डाक्टरों की तारीफ करते हुये कहा कि प्रदेश में अच्छा काम चल रहा है। कुछ जिले ऐसे हैं जहां पर कोई मरीज नहीं है। कुछ जिलों में इंदौर से लोग चले गये तब प्रकरण सामने आ गये। लेकिन ये बस नियंत्रण में आ जायेंगे। डा. मिश्रा ने कहा कि हमारी कौशिश है कि आने वाले समय में लाकडाउन खुलने की स्थिति में कम से कम जिले ही उससे प्रभावित हों।

डा. मिश्रा ने अपने साथ बैठक में शामिल अधिकारियों ने मीडिया को जानकारी देने के लिए कहा। उन्होंने बताया कि हम गांधी मेडीकल कालेज सहित अन्य कालेजों में भी ओपीडी शुरू करने की तैयारी कर रहे हैं। लेकिन हमारी अपील है कि गंभीर मामलें हों तो ही वे बाहर आयें अन्यथा घरों में ही नियंत्रित करने का प्रयास करें। निजी नर्सिंग होम्स के पदाधिकारियों ने भी सरकार को आश्वस्त किया है कि अपने यहां पर सेवायें देने जा रहे हैं। प्रदेश में अच्छा वातावरण बनाने की दिशा में काम शुरू होने जा रहा है और आम आदमी को बेहतर स्वास्थ्य सेवाऐं मिलने की तैयारी हो गई है। प्रदेश में कोरोना का दबाव होने के कारण अन्य सेवाएं प्रभावित हो गई थीं तथा निजी नर्सिंग होम में काम प्रभावित हो गया था। अब सब सेवायें सुचारू रूप से शुरू हो रही हैं।
पत्रकारों के अन्य सवालों को जवाब देते हुये डा. मिश्रा ने दमोह की घटना को विकृत मानसिकता का परिचायक बताया तथा कहा कि इस बारे में एसआईटी का गठन कर दिया गया है तथा उसकी रिपोर्ट के आधार पर कठोर दंड दिलाने की कार्यवाही की जायेगी।

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